जबलपुर में बेकाबू कार ने 13 मजदूराें काे राैंद डाला.इसमें 2 की माैके पर ही माैत हाे गई, बाद में 3 अन्य लाेगाें की माैत हुई. जबकि कई अन्य गंभीर रूप से घायल हाे गए. इस हादसे के बाद नाराज परिजन और स्थानीय लाेगाें ने चक्काजाम कर दिया. करीब 5-6 किलाेमीटर तक वाहनाें की लंबी-लंबी कतारें लग गई. ग्रामीणाें ने मुआवजा बढ़ाने और सरकारी नाैकरी की मांग काे लेकर लगातार नारेबाजी की.इस हादसे में चैनवती बाई (40) और लच्छाे बाई (40) सहित तीन अन्य की माैके पर ही माैत हाे गई.जबकि 8 मजदूर गंभीर रूप से घायल हाे गए. रविवार देर रात इलाज के दाैरान गाेमता बाई पति नवाबी लाल (40), वर्षा कुशराम पति कमलेश (45) और कृष्णा बाई पति संजू (40) ने दम ताेड़ दिया. हादसा रविवार दाेपहर काउस समय हुआ, जब बरेला से जबलपुर की ओर आ रही सफेद रंग की तेज रफ्तार कार ने सड़क किनारे बैठे 13 मजदूराें काे टक्कर मार दी. हादसे के बाद कार चालक माैके से फरार हाे गया. शुरुआती जांच में सामने आया है कि दुर्घटनाग्रस्त कार बिना नंबर की थी.
आराेपी कार चालक अब तक पुलिस की गिरफ्त से बाहर है. मामले की गंभीरता काे देखते हुए जांच क्राइम ब्रांच काे साैंप दी गई है. एएसपी जितेंद्र सिंह के नेतृत्व में गठित टीम आराेपी की तलाश में जुटी हुई है. घटनास्थल से लेकर टाेल नाकाें तक के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं. कार चालक की पहचान मझाैली निवासी लखन साेनी के रूप में हुई है.कार दीपक साेनी के नाम पर रजिस्टर्ड है, जिसे पुलिस ने हिरासत में लिया है. पेशे से फिजियाेथेरेपिस्ट भाई लखन साेनी फरार है. पुलिस उसकी तलाश में दबिश दे रही है.घटना रविवार जबलपुर में एकता चाैक बरेला राेड पर दाेपहर की बताई जा रही है. सड़क किनारे डिवाइडर में लगी लाेहे की जालियाें की 24 मजदूराें द्वारा सफाई की गई. इसके बाद सभी वहीं बैठकर भाेजन कर रहे थे.इस दाैरान बरेला से जबलपुर की ओर आ रही एक तेज रफ्तार सफेद कार ने मजदूराें काे कुचल दिया. स्थानीय लाेगाें ने तुरंत बरेला थाना पुलिस और डायल 108 काे सूचना दी.