कात्रज, 10 अक्टूबर (आ.प्र.) श्री अंबामाता मंदिर (सुखसागर नगर) में शारदीय नवरात्रोत्सव रविवार, 11 अक्टूबर से 20 अक्टूबर तक उत्साह और अनुशासन के साथ मनाया जाएगा. रविवार, 11 अक्टूबर को घटस्थापना होगी. इस अवसर पर पूजा, अभिषेक, भजन, डांडिया, भोंडला और ऑर्केस्ट्रा जैसे विभिन्न धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं. बता दें कि महिलाओं के लिए डांडिया का आयोजन किया जाता है, जिसमें गरबा खेलने के लिए अलग-अलग ग्रुप यहां आते हैं. मंदिर में प्रतिदिन सुबह 8 बजे और शाम 7:30 बजे आरती की जाती है. पूरे दिन प्रसाद का वितरण किया जाता है. अष्टमी के दिन पूरे मंदिर में फूलों की आकर्षक सजावट की जाती है. साथ ही, भक्तों को हलवा-पूरी का प्रसाद भी वितरित किया जाता है. इस नवरात्र उत्सव में कई वरिष्ठ अधिकारी और गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहते हैं. उनके हाथों महाआरती की जाती है. मंदिर पर आकर्षक बिजली की सजावट (रोशनी) की जाती है. इस नवरात्र के दौरान मंदिर के ट्रस्टी राजेश राठी, मगराज राठी, रवींद्र राठी, महेश राठी और समस्त राठी परिवार के साथ-साथ सभी स्वयंसेवक और पुलिस मिलकर सभी कार्यक्रमों को भक्तिभाव, अनुशासन, सुव्यवस्थित योजना और शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न करते हैं. मंदिर के ट्रस्टियों ने बताया कि रोजाना करीब 8 से 10 हजार भक्त दर्शन और प्रसाद का लाभ लेते हैं. हर साल की तरह इस इलाके के विभिन्न सार्वजनिक मंडलों की ओर से देवी को तोरण अर्पित किए जाएंगे. महिलाओं की उपस्थिति उल्लेखनीय होती है. मंदिर के ट्रस्टी मगराज राठी ने यह जानकारी दी कि इस साल महिला श्रद्धालुओं के लिए अलग से कतार की व्यवस्था की गई है.
33 वर्षों से नियमित रूप से हो रहा पूजा-पाठ 1993 में श्री अंबामाता मंदिर की स्थापना स्वर्गीय धनराजजी मालचंदजी राठी द्वारा की गई थी. इस मंदिर में पिछले 33 वर्षों से नियमित रूप से पूजा और आरती हो रही है. ट्रस्ट की ओर से जन्माष्टमी, दत्त जयंती, हनुमान जयंती, गणगौर, गणेश उत्सव और नवरात्र महोत्सव जैसे विभिन्न धार्मिक कार्यक्रम और सामाजिक गतिविधियां आयोजित की जाती हैं.