नई दिल्ली, 23 अ्नटूबर (वि.प्र.)
सर्दी से पहले देश के 131 शहराें की हवा में घुला जहर.केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बाेर्ड ने बढ़ते प्रदूषण पर गहरी चिंता जतायी. कई शहराें में हवा इतनी खतरनाक कि सांस लेना जानलेवा बन रहा है. सबसे प्रदूषित शहराें में टाॅप पर यूपी व हरियाणा के शहर! मुंबई तथा दिल्ली मेें स्थिति चिंताजनक बनी है.सर्दी से पहले देश के 131 शहराें की हवा में घुला जहर.केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बाेर्ड ने बढ़ते प्रदूषण पर गहरी चिंता जतायी. कई शहराें में हवा इतनी खतरनाक कि सांस लेना जानलेवा बन रहा है. सबसे प्रदूषित शहराें में टाॅप पर यूपी व हरियाणा के शहर! मुंबई तथा दिल्ली मेें स्थिति चिंताजनक बनी है.
जब भी प्रदूषण की बात आती है या हवा में जहर घुलने का मुद्दा उठाया जाता है ताे सभी के दिमाग में पहला नाम दिल्ली-एनसीआर का आता है. केंद्र सरकार ने खुद कहा है कि देश के 131 शहराे में सबसे ज्यादा शहर महाराष्ट्र के हैं, जबकि दूसरे नंबर पर उत्तर प्रदेश और फिर आंध्र प्रदेश के शहर आते है. केंद्र सरकार के अनुसार इनमें सबसे ज्यादा प्रदूषित 19 शहर निम्न हैं. दरअसल, एक सांसद ने लाेकसभा में केंद्र सरकार से प्रदूषण की स्थिति के बारे में सवाल किया था. इस सवाल का जवाब 13 फरवरी काे केंद्रीय पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव ने दिया कि देश के 24 राज्याें के 131 शहराें में प्रदूषण की स्थिति बहुत खराब हाे चुकी है. इनमें 19 शहर ऐसे भी हैं, जिन के हालात सबसे ज्यादा खराब हैं. भूपेंद्र यादव जी के अनुसार, इन शहराें काे नेशनल क्लीन एयर प्राेग्राम के तहत रखकर अटख की लगातार निगरानी हाे रही है. इन शहराें का प्रदूषण 40 फीसदी तक घटाने का टारगेट सरकार ने साल 2025 से 2026 तक तय किया है. यह टारगेट नेशनल एंबियंट एयर क्वालिटी स्टैंडर्ड्स के तहत तय किया गया है.