ज्ञानेशकुमार के इस्तीफे को लेकर हजारों लोग सड़कों पर उतरे

मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग को लेकर लेफ्ट व आइसा के लोगों ने दिल्ली में जोरदार प्रदर्शन किया

    24-Oct-2026
Total Views |
 
SIR
नई दिल्ली, 23 अ्नटूबर (वि.प्र.)
दिल्ली के बंगला साहिब गुरुद्वारा के पास शुक्रवार काे ज्ञानेशकुमार के इस्तीफे काे लेकर दिल्ली में फिर हजाराें लाेग सड़काें पर उतरे. एसआईआर रद्द की मांग काे लेकर लेफ्ट व आइसा के लाेग जाेरदार प्रदर्शन किए. बंगला साहिब गुरुद्वारे के पास इकट्ठे हाेकर सरकार विराेधी नारे लगाए.
 
‘ज्ञानेशकुमार गद्दी छाेड़’ के नारे गूंजे. चुनाव आयाेग ऑफिस की ओर बढ़ते माेर्चे काे राेकने पर पुलिस से नाेंकझाेंक. भारी तनाव के बीच पुलिस ने 200 से ज्यादा प्रदर्शनकारियाें काे हिरासत में लिया.
 
3 घंटे से ज्यादा समय तक राजधानी में अफरा-तफरी का माहाैल रहा. इसके अलावा पूरे देश में ज्ञानेशकुमार के खिलाफ राेष प्रदर्शन जारी है देश के 25 राज्याें में प्रदर्शन की खबर है. इन 22 दिनाें में करीब 10 पार्टी संगठन सड़क पर उतरे थे. आगामी 1 नवंबर काे राहुल गांधी के नेतृत्व में कांग्रेस का रामलीला मैदान में विशाल प्रदर्शन किया जाएगा. इसमें देशभर के लाेग इकट्ठा हाेंगे. शुक्रवार के प्रदर्शन में इंडिया गठबंधन, सीजेपी, आप, लेफ्ट, आइसा, एसएफआई, एसकेएम और छात्र-नागरिक अधिकार संगठन शामिल रहे.
 
वस्तार से प्राप्त खबराें के अनुसार पीपल अगेंस्ट एसआईआर का गठन पिछले हफ्ते ही हुआ है. एसआईआर के विराेध काे एकजुट करने के लिए यह मंच बनाया गया है. इसमें नागरिकाें, किसान यूनियनाें, मजदूर संगठनाें और महिला व युवा संगठनाें काे शामिल किया गया है. दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच फिर काॅकराेच पार्टी नेता साैरव दास और आशुताेष रांका काे पूछताछ के लिए नाेटिस भेज सकती है. इससे पहले पुलिस ने इन्हें गुरुवार काे पूछताछ के लिए बुलाया था. लेकिन दाेनाें नहीं पहुंचे थे. उन्हाेंने पुलिस से और समय मांगा है. दाेनाें नेताओं काे बुधवार काे दिल्ली की स्पेशल एग्जीक्यूटिव मजिस्ट्रेट काेर्ट से जमानत मिली थी. उन्हें 50-50 हजार रुपए के बाॅन्ड पर रिहा किया गया.
 
दिल्ली पुलिस ने 13 अक्टूबर काे जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के दाैरान दाेनाें काे हिरासत में लिया था. संयुक्त किसान माेर्चा (एसकेएम) और पीपुल अगेंस्ट एसआईआर मंच शुक्रवार काे मतदाता सूची में कथित गड़बड़ियाें के खिलाफ देशव्यापी विराेध-प्रदर्शन किया गया. 25 राज्याें में प्रदर्शन हुए. जबकि दिल्ली में निर्वाचन आयाेग के दफ्तर तक मार्च निकाला गया. प्रदर्शनकारी 13.41 कराेड़ लाेगाें का मतदान अधिकार बहाल करने की मांग करेंगे.