राजेश अग्रवाल गड़चिराेली जिले के पालक सचिव नियुक्त

    25-Feb-2026
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महाराष्ट्र में पहली बार, मुख्य सचिव राजेश अग्रवाल काे गड़चिराेली जिले का पालक सचिव नियुक्त किया गया है, जिससे जिले की प्रशासनिक स्थिति में सुधार हुआ है, ऐसे समय में जब मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस जिले के पालक मंत्री के रूप में कार्यरत हैं. गड़चिराेली के कलेक्टर अविश्यंत पांडा ने पुष्टि की कि मुख्य सचिव का संरक्षक सचिव बनना अभूतपूर्व है.उन्हाेंने कहा, महाराष्ट्र में यह पहली बार है कि किसी सेवारत मुख्य सचिव काे जिले का संरक्षक सचिव नियुक्त किया गया है. गड़चिराेली के लिए यह एक बड़ी उपलब्धि है क्याेंकि अब मुख्यमंत्री और मुख्य सचिव दाेनाें ही जिले के प्रशासन से सीधे जुड़े हुए हैं. उन्हाेंने आगे कहा कि यह कदम सरकार के विकास में तेजी लाने और जिले काे इस्पात उद्याेग का केंद्र बनाने के लिए क्षेत्र की प्रमुख परियाेजनाओं पर कड़ी निगरानी रखने के इरादे काे दर्शाता है. अग्रवाल गड़चिराेली के पालक सचिव के रूप में कार्यभार संभालेंगे और अतिरिक्त मुख्य सचिव मिलिंद म्हैस्कर की जगह लेंगे, जाे अब वर्धा का कार्यभार संभालेंगे.
 
पिछले महीने गड़चिराेली के दाैरे के दाैरान अग्रवाल ने टिप्पणी की थी कि जिले काे अब दंड के ताैर पर दी जाने वाली पाेस्टिंग के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए्.अग्रवाल ने तब कहा था, गड़चिराेली अब नाैकरशाहाें काे बड़े पैमाने पर काम करने, सार्वजनिक नीति के साथ प्रयाेग करने और जमीनी स्तर पर ठाेस परिणाम देने का एक दुर्लभ अवसर प्रदान करता है.400 से अधिक केंद्रीय और राज्य कल्याणकारी याेजनाओं, पर्याप्त निधि और नवाेन्मेषी याेजनाओं के लिए सरकारी समर्थन के साथ, गड़चिराेली का विकास परिदृश्य पूरी तरह से बदल गया है. जिसे अब फडणवीस महाराष्ट्र का पहला जिला कहते हैं, वह लगभग वामपंथी उग्रवाद (एलडब्ल्यूई) से मुक्त है, और खनन क्षेत्र में बड़े निवेश के साथ-साथ हवाई अड्डे और रेलवे कनेक्शन सहित प्रमुख अवसंरचना परियाेजनाएं भी चल रही हैं.उनकी औपचारिक नियुक्ति हाे जाने के बाद, वरिष्ठ अधिकारियाें काे उम्मीद है कि आदिवासी बहुल जिले में परियाेजनाओं की कड़ी निगरानी की जाएगी और प्रशासनिक निर्णय तेजी से लिए जाएंगे.