पुणे, 4 फरवरी (आ.प्र.) इंटेलिजेंस प्लस और इनोवेंचर वर्ल्ड फाउंडेशन द्वारा सीआईआई- वाईआई, एजुकेशन वर्ल्ड और ई-सेल आईआईटी हैदराबाद के सहयोग से आयोजित देश की सबसे बड़ी स्कूली नवाचार पहल ‘इनोवेंचर' के राष्ट्रीय समापन समारोह में छात्रों ने नवाचार और समस्या-समाधान कौशल का प्रभावशाली प्रदर्शन किया. एनआईसीएमएआर वेिशविद्यालय, पुणे में आयोजित इस कार्यक्रम में देश भर से लगभग 700 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया. अपने 11वें संस्करण में पहुंच चुकी यह पहल, पुणे की दूरदर्शी शिक्षा विशेषज्ञ और इंटेलिजेंस प्लस की संस्थापक एवं सीईओ प्रांजल गुंदेशा की संकल्पना है. इस वर्ष इनोवेंचर में 26 राज्यों और 4 केंद्र शासित प्रदेशों के 1500 से अधिक स्कूलों से 1,28,000 से ज्यादा छात्रों ने भाग लिया, जो भारत की शिक्षा प्रणाली में नवाचार पर बढ़ते फोकस को दर्शाता है. कार्यक्रम में एआईसीटीई के उपाध्यक्ष और शिक्षा मंत्रालय के इनोवेशन सेल के मुख्य नवाचार अधिकारी डॉ. अभय जेरे, अल्फा लावल इंडिया के प्रबंध निदेशक शुभाशीष दास सहित कई प्रतिष्ठित हस्तियां उपस्थित रहीं. डॉ. जेरे ने आशा व्यक्त की कि भविष्य में इनोवेंचर इतना व्यापक होगा कि इसे दिल्ली के किसी बड़े स्टेडियम में आयोजित करना पड़े और इसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी शामिल होंगे. समारोह के दौरान नेशनल स्कूल इनोवेशन रैंकिंग एंड अवॉर्ड्स के अंतर्गत देश के 100 सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले विद्यालयों को सम्मानित किया गया. मणिपुर, जम्मू, केरल और गुजरात जैसे दूर-दराज क्षेत्रों के स्कूल प्रमुखों को भी उनके उत्कृष्ट प्रयासों के लिए सम्मान मिला. विजेता छात्रों को पदक, ट्रॉफी और नकद पुरस्कार प्रदान किए गए.