गुरुग्राम, 19 मार्च (आज का आनंद न्यूज नेटवर्क) साहित्यिक सचेतना और स्वास्तिक मासिक पत्रिका के तत्वावधान में सचेतना तृतीय वार्षिकोत्सव‘सनातन साहित्य सम्मान एवं समागम' का आयोजन यादव कल्याण परिषद, श्रीकृष्ण मंदिर परिसर, सेक्टर 10ए में संपन्न हुआ. कार्यक्रम में देशभर से आए 250 से अधिक साहित्यकारों, कवियों, चिंतकों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने भाग लिया. कार्यक्रम का शुभारंभ ज्ञानसिंह रावत और अन्य साहित्यकारों द्वारा दीप प्रज्वलन, शंखनाद और वैदिक मंत्रोच्चार से हुआ. विशिष्ट अतिथि के रूप में साहित्यकार पीयूष गोयल उपस्थित रहे. संचालन प्रीति डिमरी प्रीत ने किया. इस अवसर पर शारदा ओझा, शारदा कनोरिया, राम सिंह भंडारी, राय सिंह भंडारी, मोहन सिंह, निशा अतुल्य, डॉ. नीरजा मेहता‘कमलिनी, डॉ. नेहा शर्मा ‘नेह, सावित्री भारतीय,श्रवण कुमार बाजपेयी, यशोदा मैठाणी ‘चेतना', योगेश गहतोड़ी ‘यश', मीरा मोहन, सतेंद्र शर्मा ‘तरंग', रानी रावल ‘रुद्रश्री'किरण कांडपाल ‘काव्या', अंजनी कुमार, नीलम कौशिक, उर्मिला पपनोई ‘श्रीजा', जयश्री सिंघल ‘कृति' मंगेश सिंह ‘आशुकवि', योगेेशरी भारद्वाज और देवेंद्र राघव ‘देव'सहित कई साहित्यकारों को सम्मानित किया गया. कार्यक्रम में नरेंद्र रावत नरेन की पुस्तक सृष्टिदर्शन का विमोचन भी हुआ. साथ ही प्रीति डिमरी ‘प्रीत' को राष्ट्रीय अध्यक्ष घोषित किया गया. कार्यक्रम में देवेंद्र कुमार शर्मा सहित कई गणमान्य उपस्थित रहे.