पुणे की यातायात व्यवस्था काे गति देने वाली ‘माण-हिंजवड़ी से शिवाजीनगर’ मेट्राे (लाइन 3) परियाेजना अब अपने अंतिम चरण में पहुंच गई है. प्रशासन ने पहले चरण के अंतर्गत 12 स्टेशनाें काे मई 2026 तक यात्रियाें के लिए शुरू करने का लक्ष्य निर्धारित किया है. पीएमआरडीए के आयुक्त डाॅ. अभिजीत चाैधरी ने गुरुवार काे स्वयं इस मार्ग का निरीक्षण कर जमीनी स्तर पर चल रहे कार्याें का विस्तृत जायजा लिया.‘मिशन माेड’ पर चल रहा है निर्माण कार्य मुख्यमंत्री के निर्देशाें के अनुसार, इस परियाेजना काे मिशन माेड पर तेजी से क्रियान्वित किया जा रहा है. माण से शिवाजीनगर तक की 23.2 किलाेमीटर लंबी इस मेट्राे लाइन पर कुल 23 स्टेशन प्रस्तावित हैं.
निरीक्षण के दाैरान मुख्य अभियंता रिनाज पठान और पुणे आईटी सिटी मेट्राे रेल लिमिटेड के सीईओ अनिलकुमार सैनी भी उपस्थित थे. परियाेजना की वर्तमान स्थिति के अनुसार 94.20% सिविल कार्य लगभग पूरा हाे चुका है और वर्तमान में सिग्नलिंग संबंधी परीक्षण चल रहे हैं. आयुक्त ने अधिकारियाें काे निर्देश दिए हैं कि काम की गति बढ़ाते समय सुरक्षा और गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझाैता न किया जाए. यह सेवा शुरू हाेने के बाद हिंजवड़ी आईटी पार्क क्षेत्र में हाेने वाली भारी ट्रैफिक जाम की समस्या का स्थायी समाधान हाेगा और यात्रा के समय में भारी बचत हाेगी.यह परियाेजना सार्वजनिक-निजी भागीदारी के आधार पर विकसित की जा रही है. इसमें टाटा समूह की ‘ट्रिल’ और ‘सीमेंस प्राेजेक्ट वेंचर्स’ की भागीदारी है. इस पूरी परियाेजना की कुल लागत 8,313 कराेड़ रुपये आंकी गई है.