भारतीय और विदेशी व्यापारिक संस्थाओं के एक कंसाेर्टियम ने राॅयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (आरसीबी) फ्रेंचाइजी का पूरा मालिकाना हक लगभग 16 हज़ार 660 कराेड़ की राशि में हासिल कर लिया है. यह पूरी तरह से नकद समझाैता यूनाइटेड स्पिरिट्स लिमिटेड (यूएसएल) द्वारा घाेषित किया गया, जिसके पास डब्ल्यूपीएल और आरपीएल में आरसीबी का माैजूदा मालिकाना हक है.यूएसएल द्वारा जारी मीडिया रिलीज़ के अनुसार, उनके बाेर्ड ने आदित्य बिड़ला ग्रुप, द टाइम्स ऑफ इंडिया ग्रुप, बाेल्ट वेंचर्स और ब्लैकस्टाेन की स्थाई निजी इक्विटी रणनीति, बीएक्सपीई वाले कंसाेर्टियम काे फ्रेंचाइजी की ब्रिकी काे मंज़ूरी दे दी है. इस डील के बाद यूएसएल ने कहा कि आईपीएल और डब्ल्यूपीएल दाेनाें आरसीबी टीम, जिसका संचालन उनकी सहायक राॅयल चैलेंजर्स स्पाेर्ट्स प्राइवेट लिमिटेड कर रही थी, वाे अब इस समूह के स्वामित्व और संचालन में हाेंगी.
यह कितनी बड़ी रकम है इसका अंदाज़ा इसी से लगाया जा सकता है कि यह लखनऊ और अहमदाबाद की फ्रेंचाइजियाें की कुल कीमत (12 हज़ार 715 कराेड़ रुपए) से भी अधिक है, जिन्हें 2021 में बीसीसीआई ने बेचा था. संयाेग से फरवरी 2026 में यह समूह बना भी नहीं था, जब कम से कम आठ निवेशकाें काे आरसीबी के लिए चिन्हित किया गया था.पिछले नवंबर में शराब व पेय पदार्थाे की दुनिया की दिग्गज कंपनी डियाजियाे, जिसकी भारत में यूएसएल में हिस्सेदारी है, ने सेबी काे बताया था कि वह आरसीबी में अपने निवेश की रणनीतिक समीक्षा कर रहा है. डियाजियाे ने कहा था कि क्रिकेट कंपनी के लिए व्यापार का मुख्य हिस्सा नहीं है और 31 मार्च तक उसका लक्ष्य इस साैदे काे पूरा करना है.