कोथरुड, 29 मार्च (आज का आनंद न्यूज नेटवर्क) रामनवमी केवल एक धार्मिक त्यौहार नहीं है, बल्कि यह प्रतिष्ठा, सत्य और धर्म के प्रतीक भगवान श्री राम के आदर्शों को स्मरण करने का एक अवसर है. प्रसिद्ध व्याख्याता डॉ. संजय उपाध्ये ने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि, प्रभु राम ने अपने जीवन के माध्यम से एक आदर्श पुत्र, आदर्श राजा और आदर्श पति का उदाहरण समाज के सामने रखा है. वे माईर्स एमआईटी और एमआईटी वर्ल्ड पीस यूनिवर्सिटी द्वारा आयोजित रामनवमी उत्सव के दौरान बोल रहे थे. इस अवसर पर एमआईटी वर्ल्ड पीस यूनिवर्सिटी की कार्यकारी निदेशिका डॉ. अदिति राहुल कराड, कुलपति डॉ. आर. एम. चिटणीस, कुलसचिव प्रो. गणेश पोकले, डॉ. मिलिंद पात्रे, आर्किटेक्ट डॉ. राजीव मिश्र, आर्किटेक्ट आनंद उकिडवे, आर्किटेक्ट मंजुषा उकिडवे और डॉ. एस. ए. बोकिल सहित अन्य गणमान्य व्यक्तियों ने प्रभु श्री राम की मूर्ति पर पुष्पहार अर्पित कर वंदन किया. वेिशविद्यालय के छात्रों को ममर्यादा पुरुषोत्तमम प्रभु राम के जीवन चरित्र से अवगत कराने के लिए एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया था. इस दौरान भक्ति गीतों का कार्यक्रम मगीत रामायणफ भी प्रस्तुत किया गया. छात्र प्रतिनिधि उत्कर्ष बंगापुरे ने भी इस अवसर पर अपने विचार साझा किए.