अमेरिका ने ईरान के साथ भले ही युद्धविराम काे बढ़ा दिया है, लेकिन दाेनाें देशाें के बीच तनाव बरकरार है. इसी बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डाेनाल्ड ट्रंप ने अपनी नाैसेना काे आदेश दिया है कि हाेर्मुज में अगर ईरानी जहाज दिखे ताे उस पर हमला किया जाए. यही नहीं, ट्रंप ने नाकेबंदी और प्रभावशाली करने का निर्देश देते हुए यह भी कहा कि अगर ईरान का काेई जहाज हाेर्मुज स्ट्रेट में बारूद बिछाता दिखे ताे उसे बर्बाद कर दाे. वहीं इसके जवाब में ईरान ने कहा कि ट्रंप पराजित हाे गए हैं, इसलिए अपना मानसिक संतुलन खाेते जा रहे हैं.भारत काे कभी दाेस्त ताे कभी नरक बताना इसका ताजा उदाहरण है. मुंबई स्थित ईरानी वाणिज्य दूतावास ने ताे ट्रंप का मजाक उड़ाते हुए कहा कि कभी महाराष्ट्र आकर देखाे.
सांस्कृतिक रूप से शुद्धिकरण हाे जाएगा.इस बीच खबर है कि ईरानी विदेश मंत्री युद्ध काे लेकर चर्चा करने के लिए इस्लामाबाद रवाना हाे गए हैं. बातचीत में अमेरिका शामिल नहीं हाेगा. बहरहाल, अमेरिका का मिसाइल स्टाॅक खत्म हाेने के कगार पर है. ईरान के भी मिसाइल स्टाॅक में भारी कमी आई हदूसरी ओर हाेर्मुज में तैनात अमेरिकी विशाल युद्धपाेताें की संख्या बढ़कर तीन हाे गई है. अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने साेशल मीडिया प्लेटफाॅर्म एक्स पर एक पाेस्ट में बताया- यह कैरियर 23 अप्रैल काे हिंद महासागर में उसके जिम्मेदारी वाले क्षेत्र में संचालित हाे रहा था.
पाेस्ट के साथ साझा की गई तस्वीर में एयरक्राफ्ट कैरियर के डेक पर बड़ी संख्या में लड़ाकू विमान तैनात दिखाई दे रहे हैं.गालिबाफ बाेले- माैजूदा हालत में हाेर्मुज खुलवाना नामुमकिन : ईरान की संसद के अध्यक्ष माेहम्मद गालिबाफ ने इजराइल पर जंग भड़काने व सीजफायर का उल्लंघन करने का आराेप लगाया. उन्हाेंने कहा कि जब तक अमेरिका ईरान के बंदरगाहाें पर नाैसैनिक नाकाबंदी जारी रखेगा, इजराइल और ईरान के बीच पूरी तरह युद्धविराम संभव नहीं है. असली सीजफायर तभी माना जाएगा, जब समुद्री नाकाबंदी खत्म हाे.