पुणे, 24 मई (आ. प्र.)
शहर में विद्या वाचस्पति गौव्रती डॉ. अशोकजी पारीक भैयाजी, पुणे उनके सुमधुर वाणी से श्रीमद्भागवत कथा सुनने के लिय श्रीमाली ब्राम्हण समाज के महिला, पुरुष और युवकों ने भारी मात्रा में उपस्थित रहकर कथा का रसपान का आनंद लिया. शहर के सावित्रीबाई फुले सांस्कृतिक सभागृह 917 गंज पेठ टिंबर मार्केट पुणे में कथाकार विद्या वाचस्पती गौव्रती डॉ. अशोकजी पारीक भैयाजी की वाणी में श्रीमद् भागवत कथा सुनने का अवसर भक्तों को मिला था. प्रथम दिवस पर नारद भक्ति मिलन, गोकर्ण चरित्र,भागवत महात्म्य मंगलाचरण आदि कार्यक्रम हुए. द्वितीय दिवस पर नारद चरित्र,परीक्षित, शुक्रदेव चरित्र पर पारायण हुआ. तृतीय दिवस पर शुक्रदेव व परीक्षित मिलन,वराह अवतार,कपिल देवहुति संवाद, सति चरित्र पर भक्तों ने पारायण का श्रवण किया. चतुर्थ दिवस में धु्रव चरित्र, जड़भरत चरित्र,प्रह्लाद चरित्र, समुद्र मंथन, वामन चरित्र, राम चरित्र और कृष्ण जन्मोत्सव आदि पर भक्तों ने कथा श्रवण की. पंचम दिवस पर नन्दोत्सव,बाललीला,गोवर्धन पूजा आदि पर कथा श्रवण कर भक्त भावविभोर हो गये. षष्ठम दिवस पर महारास,कृष्ण मथुरा गमन, कंस वध, उद्वव ब्रजगमन, रुक्मिणी स्वयंवर आदि प्रसंगों पर डॉ. अशोकजी पारीक भैयाजी की सुमधुर वाणी से श्रीमद भागवत कथा का रसपान भक्तों ने किया. सप्तम दिवस पर द्वारिका लीला, सुदामा चरित्र,परीक्षित मोक्ष,पूर्णाहुति आदि प्रसंगों पर भक्तों को कथा श्रवण करने को मिली.