फुगेवाड़ी और हडपसर में हुए जहरीली शराब कांड के बाद राज्य उत्पाद शुल्क विभाग ने अवैध देसी शराब बेचने वालाें के खिलाफ विशेष अभियान शुरू किया है. पिछले एक सप्ताह के दाैरान विभिन्न क्षेत्राें में छापेमारी कर 142 मामले दर्ज किए गए हैं तथा 116 अवैध देसी शराब विक्रेताओं काे गिरफ्तार किया गया है. इन मामलाें में 8 हजार 472 लीटर अवैध देसी शराब जब्त की गई है. इसके अलावा 59 हजार 271 लीटर रसायन माैके पर ही नष्ट कर दिया गया है.अवैध शराब की ढुलाई में इस्तेमाल किए गए कुल 11 वाहन भी जब्त किए गए हैं. इस कार्रवाई में कुल 1 कराेड़ 47 लाख 27 हजार 145 रुपये मूल्य का माल जब्त किया गया है. फुगेवाड़ी और हड़पसर क्षेत्र में जहरीली देसी शराब पीने से 20 लाेगाें की मृत्यु हाे चुकी है, जबकि अभी भी 8 लाेगाें का अस्पताल में उपचार चल रहा है.
इस घटना से पूरे राज्य में सनसनी फैल गई थी. राज्य उत्पाद शुल्क विभाग द्वारा 29 मई से 4 जून के दाैरान कार्रवाई की गई.यह अभियान राज्य उत्पाद शुल्क विभाग के आयुक्त राजेश देशमुख, सह आयुक्त प्रसाद सुर्वे, विभागीय आयुक्त सागर धाेमकर के मार्गदर्शन तथा राज्य उत्पाद शुल्क विभाग, पुणे के अधीक्षक अतुल कानडे के नेतृत्व में चलाया गया.सभी बिक्री और निर्माण के हाॅटस्पाॅट तथा संवेदनशील गांवाें में स्थित अवैध शराब निर्माण केंद्राें काे पूरी तरह समाप्त करने के निर्देश दिए गए हैं.अवैध शराब निर्माण हेतु आवश्यक कच्चे माल की आपूर्ति करने वालाें काे भी इस अपराध में आराेपी बनाकर कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं.आदतन अपराधियाें से शराबबंदी कानून की धारा 93 के तहत अच्छे आचरण का बंधपत्र लेने के लिए कुल 125 प्रस्ताव दाखिल किए गए हैं.
जहरीली शराब प्रकरण की जांच राज्यअपराध अन्वेषण विभाग (सीआईडी) काे साैंपी गई है. उत्पाद शुल्क विभाग द्वारा इस मामले में तीन अपराध दर्ज किए गए हैं. इन मामलाें की जांच सीआईडी के साथ समन्वय स्थापित कर की जा रही है.मेथेनाॅल का अवैध कार्याें में उपयाेग करने वालाें पर भी कार्रवाई की जाएगी.खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग से मेथेनाॅल आपूर्तिकर्ताओं की जानकारी एकत्र की गई है. संदिग्ध लेन-देन पर कार्रवाई की जाएगी. जिन स्थानाें पर अवैध देसी शराब के अड्डाें काे बिजली आपूर्ति की जा रही है, वहां बिजली कनेक्शन काटने के निर्देश भी दिए गए हैं. राज्य उत्पाद शुल्क विभाग की ओर से सभी नागरिकाें से अपील की गई है कि वे अवैध देसी शराब से दूर रहें. साथ ही यदि किसी काे ऐसे अवैध काराेबार में शामिल अपराधियाें के बारे में जानकारी हाे ताे टाेल फ्री नंबर 18002339999 अथवा दूरभाष नंबर 020-26127321 पर संपर्क करें. यह अपील राज्य उत्पाद शुल्क विभाग (एफडीए) के अधीक्षक अतुल कानडे ने की है.