पिंपरी, 12 अगस्त (आ.प्र.)
शहर में इससे पहले सशुल्क पार्किंग (पे एंड पार्क) नीति के असफल रहने के बाद अब नए सिरे से पूरे शहर के लिए पार्किंग नीति तय की गई है. पहले चरण में 18 मीटर सड़काें और खाली भूखंडाें पर पार्किंग व्यवस्था लागू की जाएगी. सड़क किनारे (ऑन-स्ट्रीट) और सड़क के बाहर (ऑफ-स्ट्रीट) पार्किंग का नियाेजन किया गया है.
टेलीस्काेपिक (समय आधारित) शुल्क संरचना, पार्किंग पास और आवासीय पार्किंग अनुमति के अनुसार शुल्क निर्धारित किए गए हैं. पे एन्ड पार्क नीति काे बुधवार (12 अगस्त) काे हुई स्थायी समिति की बैठक में मंजूरी दी गई.
बैठक की अध्यक्षता अभिषेक बारणे ने निभाई.
शहर की जनसंख्या के साथ-साथ वाहनाें की संख्या भी दिन-प्रतिदिन बढ़ रही है. वर्तमान में शहर की आबादी 30 लाख के पार पहुंच गई है, जबकि वाहनाें की संख्या लगभग 25 लाख है. बढ़ते वाहनाें के कारण शहर की प्रमुख सड़काें सहित विभिन्न हिस्साें में भारी ट्रैफिक जाम हाे रहा है. अवैध पार्किंग और फुटपाथ पर अतिक्रमण बढ़ा है. इसलिए एक अनुशासित, सुरक्षित और टिकाऊ पार्किंग व्यवस्था विकसित करने के लिए नए सिरे से पार्किंग नीति तैयार की गई है.
नई नीति में बढ़ती आबादी, वाहनाें और प्रमुख सड़काें पर यातायात के बढ़ते दबाव पर विचार किया गया है.
वाहनाें के पार्क रहने की समय-अवधि के अनुसार प्रति घंटे शुल्क बढ़ाने के लिए टेलीस्काेपिक शुल्क प्रणाली लागू की गई है. इससे सड़क किनारे लंबे समय तक हाेने वाली पार्किंग पर राेक लगेगी, पार्किंग स्थलाें का अधिक कुशल उपयाेग हाेगा, पार्किंग की उपलब्धता बढ़ेगी और ऑफ-स्ट्रीट पार्किंग सुविधाओं के उपयाेग काे बढ़ावा मिलेगा, ऐसा मनपा के परिवहन विभाग का दावा है.
फाेर-व्हीलराें के लिए पहले दाे घंटाें के लिए 40 रुपये, चार घंटाें के लिए 50, छह घंटाें के लिए 60, आठ घंटाें के लिए 70, 10 घंटाें के लिए 80 रुपये और 10 घंटाें के बाद प्रत्येक अतिरिक्त घंटे के लिए 100 रुपये शुल्क लिया जाएगा. टू-व्हीलराें के लिए दाे घंटाें के लिए 10 रुपये, चार घंटाें के लिए 15, छह घंटाें के लिए 20, आठ घंटाें के लिए 25, 10 घंटाें के लिए 30 रुपये और 10 घंटाें के बाद प्रत्येक अतिरिक्त घंटे के लिए 40 रुपये शुल्क लिया जाएगा.