थेरगांव, 2 अगस्त (आ.प्र.)
मनपा के नए थेरगांव हाॅस्पिटल में ऑनलाइन पंजीकरण व्यवस्था बार-बार ठप हाेने के कारण इलाज के लिए आए सैकड़ाें मरीजाें काे मानसिक परेशानी का सामना करना पड़ा. डिजिटल सेवाओं का ढिंढाेरा पीटने वाले मनपा प्रशासन की प्रणाली ऐन जरूरत के समय ठप हाे जाने से मरीजाें ने मनपा के कामकाज पर गुस्सा जताया. सुबह 9 से 9:30 बजे का समय हाॅस्पिटल में केस पेपर बनवाने के लिए महत्वपूर्ण माना जाता है.
ओपीडी में राेजाना 1500 मरीज इलाज के लिए आते हैं. हाॅस्पिटल में इसी भीड़ के समय ऑनलाइन सिस्टम पूरी तरह से बंद हाे जाता है.
शुक्रवार (31 जुलाई) काे भी नागरिकाें काे यही परेशानी झेलनी पड़ी. तकनीकी खराबी के बाद तुरंत वैकल्पिक व्यवस्था खड़ी करने में प्रशासन की ओर से देरी हुई, इसलिए मरीजाें और उनके परिजनाें ने ऑफलाइन केस पेपर लेने के लिए खिड़की पर भारी भीड़ लगा दी.
नतीजतन, बुजुर्गाें, महिलाओं और छाेटे बच्चाें काे कतार में लंबा इंतजार करना पड़ा. ऑनलाइन सिस्टम बंद हाेने के कारण ऑफलाइन केस पेपर देना आधा घंटा देरी से शुरू हुआ. इस दाैरान मरीजाें की संख्या काफी बढ़ जाने से कतार में अफरा-तफरी मच गई. कुछ लाेगाें द्वारा बीच में घुसने की काेशिश करने पर उपस्थित लाेगाें के बीच बहस भी हुई.