माेशी, 9 सितंबर (आ.प्र.)
मनपा की ओर से माेशी में बनाए जा रहे अत्याधुनिक हाॅस्पिटल का काम बेहद धीमी गति से चल रहा है. 15 एकड़ के भूखंड पर बनाए जा रहे इस हाॅस्पिटल का 65% काम पूरा हाे चुका है. काम पूरा करने की समयसीमा दिसंबर 2026 है. ऐसे में प्रशासन के सामने बाकी बचा 35% काम अगले चार महीनाें में पूरा कराने की बड़ी चुनाैती है. इस निर्माण कार्य पर अब तक 170 कराेड़ खर्च किए जा चुके हैं. मनपा की सीमा में शामिल हुए गांवाें के नागरिकाें की सुविधा के लिए माेशी के गट नंबर-646 में गायरान जमीन पर 15 एकड़ क्षेत्र में हाॅस्पिटल की बिल्डिंग बनाई जा रही है. कुल निर्माण क्षेत्र 57,450 वर्ग मीटर है, जिसमें बिल्डिंग ग्राउंड फ्लाेर प्लस-8 मंजिल की हाेगी.
हाॅस्पिटल के निर्माण पर 356.79 कराेड़ की लागत आएगी. इसका वर्क-ऑर्डर दिसंबर 2023 में मैसर्स वैसकाॅन इंजीनियर्स काे दिया गया था. काम की अवधि 3 साल है, जाे दिसंबर 2026 के अंत तक समाप्त हाे रही है. वर्तमान में आरसीसी का काम 90% पूरा हाे चुका है, जबकि कंस्ट्र्नशन और प्लास्टर का काम 70% पूरा है. विभिन्न मंजिलाें पर टाइल्स लगाना, बिजली के केबल बिछाना, फायर सेफ्टी और वातानुकूलन प्रणाली के लिए डक्ट बिछाने जैसे काम जारी हैं. हालांकि, शेष 35% काम अगले चार महीनाें में पूरा हाेना संभव नहीं लग रहा है, इसलिए काॅन्ट्रै्नटर काे समय सीमा बढ़ानी हाेगी.
हाॅस्पिटल का निर्माण ईडीजीई मानकाें के अनुसार इकाे- फ्रेंडली है. इसमें 200 किलाेवाॅट क्षमता का सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट और 200 किलाेवाॅट क्षमता का रूफटाॅप साेलर पैनल स्थापित किया जाएगा, जिससे पैदा हाेने वाली बिजली का उपयाेग हाॅस्पिटल में हाेगा.
सेंसर आधारित एलईडी लाइटें, एएसी ब्लाॅक निर्माण, जैविक कचरा प्रसंस्करण प्रणाली, पीएसए ऑक्सीजन जनरेटर और न्यूमैटिक ट्यूब सिस्टम की सुविधा हाेगी. प्रीएक्शन सिस्टम, फायर कर्टेन, सीओ2 सेंसर, स्ट्रैचर रैंप और सुसंगत आपातकालीन निकास द्वार शामिल हैं.