वेटलिफ्टिंग में मीराबाई चानू ने सिल्वर जीतकर रचा इतिहास

भारत को 28 साल बाद एशियन गेम्स में मेडल इससे पहले करनम मल्लेश्वरी ने सिल्वर मेडल जीता था

    24-Sep-2026
Total Views |

MirabaiChanu 
निशिन, 23 सितंबर (वि.प्र.)
एशियन गेम्स 2026 के वेटलिफ्टिंग में मीराबाई चानू ने सिल्वर मेडल जीत लिया है. उन्हाेंने फाइनल में कुल 198 किलाेग्राम वजन उठाकर सिल्वर मेडल पर कब्जा जमाया.मीराबाई चाहे गाेल्ड मेडल ना जीत पाई हाें, लेकिन उन्हाेंने एक ऐतिहासिक कारनामा कर दिखाया है, क्याेंकि भारत एशियाई खेलाें में 1998 से काेई पदक नहीं जीत पाया था. वहीं यह मीराबाई का व्यक्तिगत ताैर पर भी पहला एशियाई गेम्स मेडल है.
 
मीराबाई चानू ने एशियन गेम्स 2026 के स्नैच राउंड में 87 किलाेग्राम वजन उठाया था. स्नैच राउंड के बाद वह तीसरे स्थान पर रहीं, जबकि नाॅर्थ काेरिया की रि साेंग गम ने 94 किलाेग्राम वजन उठाकर पहला स्थान हासिल किया था. नाॅर्थ काेरियाई एथलीट ने क्लीन एंड जर्क में भी दबदबा बनाए रखा और गाेल्ड मेडल पर कब्जा जमाया.
 
आमताैर पर क्लीन एंड जर्क काे मीराबाई का मजबूत पक्ष माना जाता है, लेकिन वाे साेंग गम के खिलाफ टिक ही नहीं पाईं. रि साेंग गम का कुल स्काेर 215 किलाे रहा, जबकि मीराबाई ने कुल 198 किलाेग्राम वजन उठाया.
 
क्लीन एंड जर्क में नाॅर्थ काेरिया की एथलीट ने 121 किलाे वजन उठाया, जबकि भारत की एथलीट ने 111 किलाेग्राम. एशियन गेम्स में भारत का वेटलिफ्टिंग में आखिरी मेडल साल 1998 में आया था. 1998 बैंकाॅक एशियाई खेलाें में करनम मल्लेश्वरी ने महिलाओं की 63 किलाेग्राम स्पर्धा में सिल्वर मेडल जीता था. उसके बाद 28 साल में भारत एशियाई खेलाें में कभी भी मेडल नहीं जीत पाया था.
 
अब आखिरकार 2026 जापान एशियाई खेलाें में मीराबाई चानू ने उस मेडल के सूखे का अंत कर दिखाया है. मीराबाई 2020 टाेक्याे ओलंपिक्स की सिल्वर मेडलिस्ट हैं, काॅमनवेल्थ गेम्स 2026 में गाेल्ड जीतकर आ रही थीं. इसके चलते उन्हें एशियन गेम्स में भी गाेल्ड जीतने का प्रबल दावेदार माना जा रहा था, लेकिन नाॅर्थ काेरियाई एथलीट रि साेंग गम ने शुरुआत से ही अपनी ताकत के बलबूते दबदबा बनाकर रखा.