पुणे, 9 जनवरी (आज का आनंद न्यूज नेटवर्क)
बीएसएनएल के कर्मचारियों को 1 अक्टूबर 2017 से पेंडिंग तीसरे वेतन समझौते को तुरंत लागू करने की मांग सहीत विभिन्न मांगों को लेकर बीएसएनएल यूनियन एसोसिएशन ने गुरूवार को विरोध प्रदर्शन किया. 8 अक्टूबर 2025 को वेतन समझौते पर स्वाक्षरी होने के बावजूद, बीएसएनएल मैनेजमेंट इसमें बेवजह देरी कर रहा है और कहा गया वेतन समझौता अभी तक डिपार्टमेंट ऑफ टेलीकॉम को नहीं भेजा गया है. एसोसिएशन का यह भी कहना है कि जानबूझकर की जा रही यह देरी कर्मचारियों के साथ नाइंसाफी है. इस बात की कड़ी निंदा की गई कि तमिलनाडु और चेन्नई में एसोसिएशन के पदाधिकारियों के खिलाफ बिना किसी कारण के चार्जशीट जारी की गई हैं और इस मामले में हुई नाइंसाफी को अभी तक ठीक नहीं किया गया है. इसके अलावा, यह मांग की गई कि जिन कर्मचारियों को 2007 से सैलरी में बढ़ोतरी नहीं मिली है, उन्हें तुरंत सैलरी में बढ़ोतरी दी जाए. साथ ही, मांगें जल्द से जल्द न माने जाने पर और तीखे विरोध की चेतावनी भी दी गई. इस विरोध प्रदर्शन में संदीप गुलुंजकर, यूसुफ जकाती, सुभाष कदम, उल्हास जावलेकर, कमलेश देव, मंजुषा लचके, संतोष देवडिका और अन्य पदाधिकारी शामील हुए थे. विकास कदम ने सूत्रसंचालन किया और किशोर गवली ने आभार जताया. गणेश भोज, नितिन कदम और मंगेश गायकवाड़ ने विरोध प्रदर्शन को सफल बनाने की कोशिश की.