नई दिल्ली, 28 अक्टूबर (वार्ता/वि.प्र.)
देश के चार राज्याें महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, कर्नाटक और बिहार की विधान परिषद की 28 सीटाें पर मतगणना के नतीजे आ रहे हैं. इन चुनावाें में कई बड़े उलटफेर देखने काे मिले हैं. एक तरफ जहां कर्नाटक में सत्तारूढ़ कांग्रेस का खाता भी नहीं खुला और बीजेपी-जेडीएस गठबंधन ने क्लीन स्वीप किया, वहीं बिहार की पटना शिक्षक सीट पर बीजेपी काे 30 साल बाद हार का सामना करना पड़ा है. समाचार लिखे जाने तक उत्तर प्रदेश में बीजेपी ने 6 सीटाें पर कब्जा जमाया है, लेकिन वाराणसी (काशी) की सीट समाजवादी पार्टी के खाते में गई है. उत्तर प्रदेश में बीजेपी के मजबूत गढ़ वाराणसी की शिक्षक सीट पर बड़ा उलटफेर करते हुए समाजवादी पार्टी के उम्मीदवार ने जीत दर्ज की. आगरा सीट पर सपा प्रत्याशी आकाश अग्रवाल ने बीजेपी उम्मीदवार हरिकिशाेर तिवारी काे हराकर जीत हासिल की. गाेरखपुर सीट पर बीजेपी प्रत्याशी ध्रुव त्रिपाठी और निर्दलीय उम्मीदवार राजीव यादव के बीच लगातार कांटे की टक्कर बनी हुई है. वहीं झांसी स्नातक सीट पर सपा के डाॅ. मान सिंह यादव ने जीत का दावा किया है.
बिहार में पटना शिक्षक सीट पर आरजेडी के डाॅ. संजीव कुमार ने बड़ा उलटफेर करते हुए 30 साल बाद बीजेपी का किला ढहाते हुए बीजेपी के लगातार 5 बार के एमएलसी नवलकिशाेर यादव काे 1,057 वाेटाें से हरा दिया है. दरभंगा शिक्षक सीट पर प्रशांत किशाेर की जन सुराज पार्टी के प्रत्याशी सुरेश प्रसाद राय ने जीत दर्ज कर पार्टी का खाता खाेला.
तिरहुत शिक्षक सीट से बीजेपी के नरेन्द्र सिंह जीते, जबकि सारण सीट पर बीजेपी के बागी और निर्दलीय प्रत्याशी राहुल राज ने बाजी मारी. कर्नाटक में कांग्रेस की सरकार हाेते हुए भी पार्टी चाराें सीटें हार गई. बेंगलुरु शिक्षक सीट पर बीजेपी समर्थित जेडीएस उम्मीदवार एपी रंगनाथ ने कांग्रेस के माैजूदा विधायक पुट्टन्ना काे 908 वाेटाें से हराया. उत्तर-पूर्व शिक्षक सीट पर बीजेपी के शशिल जी. नामाेशी ने लगातार 5वीं बार जीत दर्ज करते हुए कांग्रेस के शरणप्पा मत्तूर काे 3,297 वाेटाें से मात दी. बीजेपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने चुनाव नतीजाें पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा यह चुनाव ईवीएम के बजाय बैलेट पेपर से कराया गया था. नतीजाें से साफ है कि जनता का समर्थन कांग्रेस के साथ बिल्कुल नहीं है और उनका खाता तक नहीं खुला.
महाराष्ट्र में 5 विधान परिषद की सीटाें में से 2 पर नतीजे आ चुके हैं. ताजा जानकारी के मुताबिक इसमें एक पर बीजेपी और एक सीट पर शिंदे गुट की शिवसेना काे जीत मिली है. तीन सीट पर मतगणना जारी है. इस बीच सत्ता में हाेने बावजूद अजित पवार गुट एनसीपी काे इस चुनाव में कुछ भी हासिल हाेता नहीं दिख रहा है. ऐसे में एनसी नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रफुल्ल पटेल ने अपनी ही पार्टी काे नसीहत देते हुए चुनाव के नतीजाें काे एक तरह से चेतावनी करार दिया है. उन्हाेंने पार्टी में आत्ममंथन की जरूरत पर जाेर दिया है. ताकि लाेगाें का भराेसा फिर से जीता जा सके, अपनी प्राथमिकताओं काे नए सिरे से तय किया जा सके और अपने संगठनात्मक ढांचे काे मजबूत किया जा सके. शिंदे गुट की शिवसेना अमरावती शिक्षक निर्वाचन सीट पर जीत दर्ज की है. किरण सरनाईक काे यहां सफलता मिली है.