केंद्र सरकार श्नकर की बिक्री कीमत बढ़ाए

    20-Feb-2026
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sugar 
राष्ट्रीय सहकारी चीनी मिल महासंघ के अध्यक्ष हर्षवर्धन पाटिल ने मंगलवार काे संवाददाता सम्मेलन में मांगें रखते हुए कहा कि, केंद्र सरकार काे चीनी का न्यूनतम विक्रय मूल्य 10 रुपये बढ़ाना चाहिए, चीनी से एथेनाॅल उत्पादन के लिए काेटा बढ़ाना चाहिए और चीनी कारखानाें काे अन्य परियाेजनाओं काे शुरू करने की अनुमति देनी चाहिए.फेडरेशन के निदेशक मंडल की बैठक मंगलवार काे पुणे में हुई. फेडरेशन के निदेशक जयप्रकाश दांडेगांवकर, विजयसिंह माेहिते पाटिल, नरेंद्र चव्हाण, रवींद्र पांडा, वीरेंद्र राणा और प्रबंध निदेशक प्रकाश नाइकनवरे सहित फेडरेशन के प्रतिनिधि बैठक में उपस्थित थे. पाटिल उस समय पत्रकाराें से बात कर रहे थे.
 
पाटिल ने कहा कि, गन्ने का न्यूनतम विक्रय मूल्य (एफआरपी) बढ़ गया है. संघ पिछले छह वर्षाें से मांग कर रहा है कि, चीनी का न्यूनतम विक्रय मूल्य 31 रुपये से बढ़ाकर 41 रुपये किया जाए.हालांकि, केंद्र सरकार ने इस पर काेई निर्णय नहीं लिया है. केंद्र ने चीनी निर्यात काेटा पांच लाख मीट्रिक टन बढ़ा दिया है. लेकिन, विश्व बाजार में प्रति क्विंटल कीमत 3,450 रुपये से 3,500 रुपये के बीच है. देश में चीनी की कीमतें अधिक हाेने के कारण निर्यात ज्यादा नहीं हाेगा. स स्थिति के कारण चीनी उद्याेग संकट में आ गया है.चीनी उद्याेग से 28% एथेनाॅल की आपूर्ति पाटिल ने कहा कि, चीनी उद्याेग ने केंद्र सरकार से देश में बचे हुए बी हेवी माल्ट से चीनी आधारित एथेनाॅल का काेटा 60 कराेड़ लीटर बढ़ाने का अनुराेध किया है.
 
उन्हाेंने बताया कि, इस वर्ष अक्टूबर2026 तक तेल कंपनियाें से एथेनाॅल की आपूर्ति के लिए 10.48 कराेड़ लीटर के ेंडर जारी किए गए थे. इसमें से अनाज आधारित एथेनाॅल की आपूर्ति 759 कराेड़ लीटर (72 प्रतिशत) थी, जबकि चीनी उद्याेग से एथेनाॅल की आपूर्ति 289 कराेड़ लीटर (28 प्रतिशत) थी. तेल कंपनियाें द्वारा अनाज आधारित एथेनाॅल काे प्राथमिकता देने के कारण, चीनी उद्याेग, जाे शुरुआत से ही इस उत्पादन में शामिल रहा है, कठिनाइयाें का सामना कर रहा है.चीनी उद्याेग की पहले की 90 प्रतिशत हिस्सेदारी अब घटकर केवल 28 प्रतिशत रह गई है. इसलिए, हमने केंद्र सरकार से चीनी कारखानाें में बचे हुए बी हेवी माल्ट से चीनी आधारित एथेनाॅल का काेटा 60 कराेड़ लीटर बढ़ाने का अनुराेध किया है.उन्हाेंने यह भी बताया कि, देश की 454 चीनी मिलाें में 2,420 लाख टन गन्ने की पेराई की जा चुकी है. चीनी उत्पादन 225 लाख टन तक पहुंच गया है. देश में गन्ने की पेराई 15 मार्च के अंत तक जारी रहेगी.