केवल राज्य में ही नहीं, बल्कि पूरे देश में खुलेआम बिकने वाली हाथभट्टी की शराब अत्यंत घातक है और इसे स्थायी रूप से समाप्त करने के लिए पुलिस काे कठाेर कदम उठाने चाहिए. यह सुझाव केंद्रीय सामाजिक न्याय राज्य मंत्री रामदास आठवले ने दिया.पुणे और पिंपरी-चिंचवड़ में रसायनयुक्त जहरीली शराब पीने से कुल 22 लाेगाें की मृत्यु हाे गई है. आठवले ने कुछ मृतकाें केपरिवाराें से मुलाकात कर उन्हें सांत्वना दी.मृतकाें के परिवाराें काे राज्य सरकार की ओर से पांच लाख रुपये तथा मनपा की ओर से एक लाख रुपये की सहायता प्रदान की गई है.इसके अलावा मृतकाें के वारिसाें काे नाैकरी दिए जाने की मांग परिवाराें द्वारा की गई है और इस संबंध में मनपा आयुक्त से चर्चा भी की गई है, ऐसा आठवले ने बताया. इसके बाद पुणे में आयाेजित पत्रकार परिषद में वे बाेल रहे थे.
इस अवसर पर आरपीआई के पुणे शहर अध्यक्ष संजय साेनवणे, प्रदेश सचिव बालासाहेब जानराव, उपमहापाैर परशुराम वाडेकर, नगरसेवक नीलेश आल्हट, महिपाल वाघमारे, शाम सदाफुले, माेहन जगताप, अशाेक गायकवाड़, सलीम सैयद, बसवराज गायकवाड़, उमेश कांबले, संदीप धांडाेरे, साेनू निकालजे, हबीब सैयद, सुनील गवळी आदि उपस्थित थे.मध्य पूर्व में युद्ध जैसी स्थिति के कारण विश्वभर में आर्थिक संकट उत्पन्न हाे गया है.देश में इस संकट के प्रभाव काे कम करने के लिए सरकार काे मजबूरी में ईंधन की कीमताें में वृद्धि करनी पड़ी है. इसके कारण सभी क्षेत्राें में महंगाई बढ़ी है और इसका असर आम नागरिकाें पर पड़ रहा है.
हालांकि युद्ध की समाप्ति निकट है और उसके बाद ईंधन की कीमतें निश्चित रूप से कम की जाएंगी. इससे महंगाई पर नियंत्रण पाने में सहायता मिलेगी, ऐसा विश्वास आठवले ने व्यक्त किया.रिपब्लिकन पार्टी काे सत्ता में हिस्सा मिलना ही चाहिए पर्याप्त संख्या बल के अभाव में रिपब्लिकन पार्टी ने विधान परिषद चुनाव में उम्मीदवार उतारने का दावा नहीं किया है.हालांकि मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने पहले ही रिपब्लिकन पार्टी काे विधान परिषद की एक सीट देने का आश्वासन दिया था. इसी आधार पर पार्टी काे इस चुनाव में एक सीट मिलने की अपेक्षा थी, लेकिन वह नहीं मिली.