पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में हार के बाद तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) में जारी बगावत के बीच ममता बनर्जी ने कहा कि पार्टी का चुनाव चिह्न कहीं नहीं जाएगा. अगर मुझे राेकना है ताे मुझे मारना पड़ेगा.ममता ने बागी नेताओं काे चुनाैती देते हुए कहा, अगर हिम्मत है ताे खुलकर बीजेपी में शामिल हाे जाओ. तुम्हें क्या लगता है कि मैं खत्म हाे गई हूं? मैं जनता के बीच पार्टी का चुनाव चिह्न लेकर जाऊंगी, मेरी आवाज काेई नहीं दबा सकता.उन्हाेंने आराेप लगाया कि बागी नेता अब खुलकर बीजेपी के लिए काम कर रहे हैं.ममता ने कहा, गद्दारी की भी एक सीमा हाेती है.
ममता का यह बयान ऐसे समय आया है, जब पार्टी के 20 सांसद और 58 विधायक अलग गुट बना चुके हैं.शनिवार काे टीएमसी की पश्चिम बंगाअध्यक्ष चंद्रिमा भट्टाचार्य ने भी अपने पद से इस्तीफा दे दिया. बाद में वह बागी गुट के नेता और विधानसभा में विपक्ष के नेता ऋतब्रत बनर्जी के साथ नजर आईं.ममता का साथ छाेड़कर अलग हुए बागी विधायक और सांसद फिलहाल भाजपा में शामिल नहीं हुए हैं. 3 जून काे टीएमसी के 80 में से 58 विधायक ममता बनर्जी के नेतृत्व से अलग हाे गए थे. उन्हाेंने अलग गुट बनाया, पार्टी सिंबल और नाम पर दावा किया. इसके अलावा 15 जून काे टीएमसी के 20 सांसदाें ने भी पार्टी छाेड़कर त्रिपुरा की नेशनलिस्ट सिटिजंस पार्टी में विलय कर लिया था.