वाेट चाेरी, सीट चाेरी के साथ भाजपा अब चंदा चाेरी कर रही है. यह टिप्पणी रविवार काे कांग्रेस ने किया. राम मंदिर में कराेड़ाें की चाेरी काे लेकर कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने बीजेपी नेताओं पर तीखा हमला बाेलते हुए कई सवाल उठाए हैं. उन्हाेंने कहा कि भ्रष्टाचार की हद हाे गई. बड़ी-बड़ी बातें-दावे करने वाले पीएम माेदी और अमित शाह खामाेश हैं. ईमानदारी और राष्ट्रवाद की बातें करने वाले भी सवालाें के घेरे में हैं. कांग्रेस लगातार विराेध व आंदाेलन कर रही है. मीडिया से बातचीत में कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने आराेप लगाया है कि बीजेपी की राजनीति अब वाेट चाेरी, सीट चाेरी, चंदा चाेरी की तीन तरफा रणनीति के इर्द- गिर्द घूमती है. जयराम रमेश ने राम मंदिर विवाद की आलाेचना करते हुए इसे शर्मनाक और निंदनीय बताया है.उन्हाेंने आराेप लगाया कि वह संगठन, जाे अक्सर ईमानदारी और राष्ट्रवाद काे कायम रखने का दावा करता है, वह आराेपाें की गंभीरता काे दूर करने में विफल रहा है. सुप्रीम काेर्ट की निगरानी में जांच की मांग की गई है.
\जयराम रमेश ने दावा किया कि हजाराें कराेड़ रुपये के दान की रकम का गबन किया गया है और उन्हाेंने सुप्रीम काेर्ट के एक माैजूदा जज की निगरानी में जांच और दाेषी पाए जाने वाले सभी लाेगाें के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग भी की है. कांग्रेस नेता कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने कहा कि बेशक आराेपियाें के खिलाफ सख्त-से सख्त कार्रवाई हाेनी चाहिए लेकिन सवाल प्रधानमंत्री नरेंद्र माेदी और गृहमंत्री अमित शाह की चुप्पी काे लेकर भी है. क्याेंकि ये चाैंकाने वाली है.जयराम रमेश ने तर्क दिया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र माेदी ने 22 जनवरी 2024 काे राम मंदिर के निर्माण और उद्घाटन का श्रेय लिया था, उन्हें इस विवाद पर सार्वजनिक रूप से जवाब देना चाहिए. उन्हाेंने कहा, हम प्रधानमंत्री से, जिन्हाेंने राम मंदिर के निर्माण का श्रेय लिया था, एक बयान की उम्मीद करते हैं. वे पूरी तरह से चुप हैं. कांग्रेस नेता ने चंदे में कथित अनियमितताओं काे बीजेपी की पिछली वित्तपाेषण प्रथाओं से जाेड़ा.