करीमनगर, 25 अगस्त (वि.प्र.)
तेलंगाना से एक दिल दहलाने वाली घटना सामने आई है.80 साल की मां काे दाे बेटाें द्वारा कुएं में फेंक दिया गया. मां की तड़प-तड़प माैत हाे गई.किसी ने कह दिया था कि मां की माैत घर में हुयी ताे बेटाें काे अपना घर छाेड़ना पड़ेगा.इसी अंधविश्वास के चलते बेटाें ने हत्याकांड काे अंजाम दिया.
मां के पैराें तले जन्नत है यह सिर्फ वाक्य नहीं, बल्कि मां के प्रति सम्मान और ममता की गहरी भावना काे दर्शाती है. लेकिन तेलंगाना के करीमनगर से सामने आए एक दर्दनाक मामले ने इस रिश्ते काे शर्मसार कर दिया. आराेप है कि दाे बेटाें ने अपनी 80 वर्षीय मां काे इसलिए माैत के घाट उतार दिया, क्याेंकि उन्हें डर था कि अगर महिला की माैत उनके घर में हुई ताे अंधविश्वास के चलते उन बेटाें काे अपना घर छाेड़ना पड़ सकता है. पुलिस ने मामले में दाेनाें आराेपियाें काे गिरफ्तार कर लिया है. मृतका की पहचान नूने वेंकटम्मा के रूप में हुई है. वह लंबे समय से बीमार थीं. करीब 10 दिन पहले उन्हें लकवा मार गया था, जिसके बाद वह चलने-फिरने में असमर्थ हाे गई थीं. इस दाैरान उनके चाराें बेटे बारी-बारी से उनकी देखभाल और खाने-पीने की व्यवस्था कर रहे थे.
5 अप्रैल काे परिवार के सदस्याें ने वेंकटम्मा की लगातार बिगड़ती तबीयत काे लेकर चर्चा की थी. इसी दाैरान कथित ताैर पर अंधविश्वास से जुड़ी यह बात सामने आई कि अगर उनकी मृत्यु किसी बेटे के घर में हाेती है, ताे उस बेटे काे घर छाेड़ना पड़ सकता है.